पटना के राजीव नगर में चलने वाले 'आसरा' शेल्टर होम की दो युवतियों की मौत के बाद अचानक विवादों में आई मनीषा दयाल मंगलवार को बेउर जेल से रिहा हो गई. मनीषा दयाल को दो दिन पहले ही पटना हाईकोर्ट से जमानत मिल गई थी लेकिन कानूनी प्रक्रिया पूरी नहीं होने की बजह से जेल से रिहाई नहीं हो पाई थी. मंगलवार तकरीबन एक बजकर दस मिनट में उसकी रिहाई हुई और अपने पति और बेटे के साथ घर के लिए रवाना हो गई. जेल से रिहा होने के बाद मनीषा ने मीडिया से बातचीत में बताया कि वह निर्दोष है और कोर्ट पर उसे पूरा भरोसा है.from Latest News बिहार News18 हिंदी https://ift.tt/2EtU0eQ
No comments:
Post a Comment